Breaking News

vikkykyt@yahoo.com

आम का पेड़

Aam kaa ped

कुंतालपुर का राजा बड़ा ही न्याय प्रिय था| वह अपनी प्रजा के दुख-दर्द में बराबर काम आता था| प्रजा भी उसका बहुत आदर करती थी| एक दिन राजा गुप्त वेष में अपने राज्य में घूमने निकला तब रास्ते में देखता है कि एक वृद्ध एक छोटा सा पौधा रोप रहा है| राजा कौतूहलवश उसके पास गया और बोला, ‘‘यह आप किस चीज का …

Read More »

शिव शंभो शम्बो

Jane Sanyase Or Gharest Kya Hai Sareste

शिव शम्बो शम्बो, शिव शम्बो महादेवाय हर हर हर हर महादेवाय शिव संभो महादेवाय शिव ॐ शिव ॐ शिव ॐ नमः शिवाय शिव ॐ शिव ॐ शिव ॐ नमः शिवाय हर ॐ, हर ॐ, हर ॐ, नमः शिवाय हर ॐ, हर ॐ, हर ॐ, नमः शिवाय शिव ॐ ॐ ॐ, शिव ॐ ॐ ॐ, शिव ॐ नमः शिवाय शिव ॐ …

Read More »

मेरा रोम रोम बोले हर हर महादेव भोले

Jane Sanyase Or Gharest Kya Hai Sareste

मेरा रोम रोम बोले, हर हर महादेव भोले हर हर महादेव भोले, हर हर महादेव भोले भक्तन के रक्वाले तुमरी महिमा अपरम्पार शरण जो आए उसकी नैया पार हो बिन पतवार तुम चाहो तो गूगा गाए अँध नयन खोले हर हर महादेव भोले… बिगड़े काम बनाने वाले तुम हो दीनदयाला मन चाह फल पाए तुमरी पूजा करना वाला उसके सारे …

Read More »

डिग्रियों की कीमत

ḍaigriyon kee keemat

रूस के प्रसिद्ध लेखक लियो टॉलस्टॉय को एक बार अपना काम-काज देखने के लिए एक आदमी की ज़रुरत पड़ी।इस बारे में उन्होंने अपने कुछ मित्रों से भी कह दिया कि यदि उनकी जानकारी में कोई ऐसा व्यक्ति हो तो उसे भेजें। कुछ दिनों बाद एक मित्र ने किसी को उनके पास भेजा। वह काफी पढ़ा लिखा था और उसके पास …

Read More »

आ जाओ भोले बाबा मेरे मकान में

Jane Sanyase Or Gharest Kya Hai Sareste

आ जाओ भोले बाबा मेरे मकान में, तेरा डम डम डमरू बाजे सारे ही जहान में सारे ही जहान में, सारे ही जहान में सुन डमरू की आवाज मेरी मैया वी आ गयी गोदी मैं गणपति लियाई मेरे मकान में तेरा डम डम डमरू बाजे सारे ही जहान में सुन डमरू की आवाज मेरे श्याम वी आ गए संग राधा …

Read More »

मौत का सौदागर

Ailfreḍa barnaarḍa nobel

1888 की बात है, एक व्यक्ति सुबह-सुबह उठ कर अखबार पढ़ रहा था , तभी अचानक उसकी नज़र एक “शोक – सन्देश ” पर पड़ी। वह उसे देख दंग रह गया , क्योंकि वहां मरने वाले की जगह उसी का नाम लिखा हुआ था। खुद का नाम पढ़कर वह आश्चर्यचकित तथा भयभीत हो गया। उसे यकीन नहीं हो रहा था कि …

Read More »

मरम्मत करो !

Shree raamakriṣṇaadev

एक साधक ने श्री रामकृष्णदेव से पूछा कि : “महाशय, मै इतना प्रभुनाम लेता हूँ, धर्म चर्चा करता हूँ, चिंतन-मनन करता हूँ, फिर भी समय-समय पर मेरे मन में कुभाव क्यों उठते है?” श्री रामकृष्णदेव साधक को समझाते हुए बोले : “एक आदमी ने एक कुत्ता पाला था। वह रात-दिन उसी को लेकर मग्न रहता, कभी उसे गोद में लेता तो कभी …

Read More »

महानता के बीज

Daemokreeṭs

यूनान देश के एक गाँव का लड़का जंगल में लकड़ियाँ काट के शाम को पास वाले शहर के बाजार मे बेचकर अपना गुजारा करता था. एक दिन एक विद्वान व्यक्ति बाजार से जा रहा था. उसने देखा कि उस बालक का गट्ठर बहुत ही कलात्मक रूप से बंधा हुआ है. उसने उस लड़के से पूछा- “क्या यह गट्ठर तुमने बांधा है?” लड़के ने …

Read More »

What is mantra & how it works ?

mantra

Word element is the beginning element and this is the “Braham” and its other form is the universe and whole matter. And the “Om” consider first world element in Hindu literature. Pronunciation power works in four way, three way is hidden and one is open, called “Bakhri” (speak). Other three called “Para”, “Pasyanti” and “Madyma”. Mantra or incantation pronunciation done …

Read More »

क्या बनेंगे ये ?

Kyaa banenge ye

यूनिवर्सिटी के एक प्रोफ़ेसर ने अपने विद्यार्थियों को एक एसाइनमेंट दिया।  विषय था मुंबई की धारावी झोपड़पट्टी में रहते 10 से 13 साल की उम्र के लड़कों के बारे में अध्यन करना और उनके घर की तथा सामाजिक परिस्थितियों की समीक्षा करके भविष्य में वे क्या बनेंगे, इसका अनुमान निकालना। कॉलेज विद्यार्थी काम में लग गए।  झोपड़पट्टी के 200 बच्चो के घर की पृष्ठभूमिका, मा-बाप …

Read More »