मोहे हूँक लगी दर्शन की दर्शन कैसे पाउगी
मेरे रोम रोम में कान्हा दर्शन कैसे पाउंगी,
मोहे हूँक लगी दर्शन की दर्शन कैसे पाउगी…..
कान्हा बंसी मधुर बजावे मेरे मन का चैन चुरावे,
सुध बुध खो के बैठी कान्हा दर्शन कैसे पाउगी
मोहे हूँक लगी दर्शन की दर्शन कैसे पाउगी…..
सांवली सूरत मन में समाये
मोहनी मूरत मन को भाये,
कान्हा धुन में हुई मस्तानी दर्शन कैसे पाउगी
मोहे हूँक लगी दर्शन की दर्शन कैसे पाउगी…..
साबुन से मैं मल के नहाई मन का मैल मैं धो न पाई,
मैंने जपी न मन की माला दर्शन कैसे पाउगी
मोहे हूँक लगी दर्शन की दर्शन कैसे पाउगी………..
पौराणिक कथाओं, प्रेरक क्षण, मंदिरों, धर्मों, फिल्मों, हस्तियों के बारे में दिलचस्प जानकारी, हजारों गाने, भजन, आरती के बोल हैं Your wish may come true today…