बता मेरे यार सुदामा रे,भाई घने दिनों में आया बालक था रे जब आया करता,रोज़ खेल के जाया करता रे बालक था रे जब आया करता,रोज़ खेल के जाया करता हुए के तकरार सुदामा रे,भाई घने दिनों में आया बता मेरे यार सुदामा रे.भाई घने दिनों में आया मानने सुना दे कुटुम्ब कहानी,क्यूँ कर पद गी ठोकर खानी रे मानने …
Read More »
पौराणिक कथाओं, प्रेरक क्षण, मंदिरों, धर्मों, फिल्मों, हस्तियों के बारे में दिलचस्प जानकारी, हजारों गाने, भजन, आरती के बोल हैं Your wish may come true today…