ओ कान्हा ओ कान्हा ना मुझको इतना सताओ राधे ओ राधे थोडा सा माखन चखा, मटकी तू काहे फोड़े है बहियाँ मरोड़े है ओ कान्हाकाहे तू मोहे सताता है मोहे रुलाता है ओ कान्हाछोड़ेगे ना तुझको राधे पेहले माखन चखाओ कान्हा ओ कान्हा ना मुझको इतना सता…… दहिया को बेचने जब रस्ते पे आऊ,रस्ते पे ग्वालो संग तोहे बैठा पाऊ,जाने …
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पौराणिक कथाओं, प्रेरक क्षण, मंदिरों, धर्मों, फिल्मों, हस्तियों के बारे में दिलचस्प जानकारी, हजारों गाने, भजन, आरती के बोल हैं Your wish may come true today…