पूछो मेरे दिल से यह पैगाम लिखता हूँ, गुजरी बाते तमाम लिखता हूँ दीवानी हो जाती वो कलम, हे गुरुवार जिस कलम से तेरा नाम लिखता हूँ जब से गुरु दर्श मिला, मनवा मेरा खिला खिला मेरी तुमसे डोर जुड़ गयी रे मेरी तो पतंग उड़ गयी रे फांसले मिटा दो आज सारे, होगये गुरूजी हम तुम्हारे मनका का पंछी …
Read More »Tag Archives: patang
सतगुरु मैं तेरी पतंग
ॐ जय साईं ॐ जय साईं ॐ। ॐ जय साईं ॐ जय साईं ॐ॥ साईं जी मै तेरी पतंग, सतगुरु मैं तेरी पतंग, हवा विच उडदी जावांगी, हवा विच उडदी जावांगी। साईंया डोर हाथों छोड़ी ना, मैं कट्टी जावांगी॥ तेरे चरना दी धूलि साईं माथे उते लावां, करा मंगल साईंनाथ गुण तेरे गावां। साईं भक्ति पतंग वाली डोर, अम्बरा विच …
Read More »
wish4me Your wish may come true today…