सखी री छैल बिहारी से निगोड़ी लड़ गयी अँखियाँ सखी री छैल बिहारी से,निगोड़ी लड़ गयी अँखियाँ,मनाई लाख ना मानी,छिछोरी लड़ गयी अँखियाँ,सखी री छैल ……… निरखि सखी रूप मोहन का,दमकती रह गयी अँखियाँ,श्याम मिलि श्यामल बन जाऊं,तरसती रह गयी अँखियाँ,सखी री छैल…….. वह छैला कर गया जादू,कि तकती रह गयी अँखियाँ,चलाई बान नैनन से,जिगर में गड़ गयी अँखियाँ,सखी री …
Read More »
पौराणिक कथाओं, प्रेरक क्षण, मंदिरों, धर्मों, फिल्मों, हस्तियों के बारे में दिलचस्प जानकारी, हजारों गाने, भजन, आरती के बोल हैं Your wish may come true today…