सांझ हो रही थी। कहीं पर अंधेरा तो कहीं पर धीरे-घीरे मंद पड़ता प्रकाश दिखाई पड़ रहा था। इसी अंधेरे में एक बरगद का पेड़ भी खड़ा था। तभी पेड़ की कोटर से एक चमकादड़ निकलकर शाखा पर आ बैठा। कुछ देर में एक मैना भी वहीं आकर बैठी और उससे बोली- “भाई चमगादड़! तुमने सुबह का सूरज देखा था? …
Read More »Tag Archives: dheere
चली जा रही है उमर धीरे धीरे
ली जा रही है उमर धीरे धीरे चली जा रही है उमर धीरे धीरे पल पल यो आठो पहर धीरे धीरे पल पल यो आठो पहर धीरे धीरे चली जा रही है उमर धीरे धीरे चली जा रही है उमर धीरे धीरे पल पल यो आठो पहर धीरे धीरे पल पल यो आठो पहर धीरे धीरे चली जा रही है …
Read More »श्याम तेरी बंशी बजे धीरे धीरे
श्याम तेरी बंशी बजे धीरे धीरे ओ लाला तेरी बंशी बजे धीरे – (जे2) श्याम तेरी बंशी बजे धीरे धीरे ओ लाला तेरी बंशी बजे धीरे – (जे2) बजे धीरे धीरे श्री यमुना के तीरे बहे धीरे धीरे श्री यमुना के तीरे श्याम तेरी मुरली बजे धीरे धीरे श्याम तेरी बंशी बजे धीरे धीरे श्याम तेरी मुरली बजे धीरे धीरे …
Read More »श्याम तेरी बंशी बजे धीरे धीरे
श्याम तेरी बंशी बजे धीरे धीरे ओ लाला तेरी बंशी बजे धीरे – (जे2) श्याम तेरी बंशी बजे धीरे धीरे ओ लाला तेरी बंशी बजे धीरे – (जे2) बजे धीरे धीरे श्री यमुना के तीरे बहे धीरे धीरे श्री यमुना के तीरे श्याम तेरी मुरली बजे धीरे धीरे श्याम तेरी बंशी बजे धीरे धीरे श्याम तेरी मुरली बजे धीरे धीरे …
Read More »भगवान शिव ने क्यों किया था चंद्र को मस्तक पर धारण
पौराणिक कथानुसार चंद्र का विवाह दक्ष प्रजापति की 27 नक्षत्र कन्याओं के साथ संपन्न हुआ। चंद्र की सभी पत्नियों में रोहिणी बहुत खूबसूरत थीं। इसलिए चंद्र का रोहिणी से ज्यादा लगाव था। चंद्र का रोहिणी पर अधिक स्नेह देख शेष कन्याओं ने अपने पिता दक्ष से अपना दु:ख प्रकट किया। दक्ष स्वभाव से ही क्रोधी प्रवृत्ति के थे और उन्होंने …
Read More »
पौराणिक कथाओं, प्रेरक क्षण, मंदिरों, धर्मों, फिल्मों, हस्तियों के बारे में दिलचस्प जानकारी, हजारों गाने, भजन, आरती के बोल हैं Your wish may come true today…