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भक्त की कसौटी !!

एक बार अर्जुन ने भगवान् श्रीकृष्ण से प्रश्न किया, ‘आपको किन-किन सद्गुणों वाला भक्त प्रिय है?’ श्रीकृष्ण ने बताया, ‘जो किसी प्राणी से द्वेष नहीं करता, सबसे सद्भाव व मैत्री भाव रखता है, सब पर करुणा करता है, क्षमाशील है, ममता और अहंकार से रहित है, सुख-दुःख में एक समान रहता है, वह भक्त मुझे प्रिय है।’ ‘स्वर्ग के अधिकारी …

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चतुराई से मुक्ति !!

सच्चा मानव कौन है-इस जिज्ञासा का समाधान करते हुए ऋषि व शास्त्रकार कहते हैं कि जिसका आचरण पवित्र है, जो निष्कपट है, जो दुःखी व्यक्ति की सहायता को तैयार रहता है, वही मानव कहलाने का अधिकारी है। कपटी, आडंबरी व्यक्ति जब अपने परिजनों की दृष्टि में ही विश्वसनीय नहीं होता, तो भला वह भगवान् को कैसे प्रिय हो सकता है। …

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वाणी का संयम !!

दार्शनिकों ने इंद्रियों के संयम को जीवन की सफलता का प्रमुख साधना कहा है। देवर्षि नारद उपदेश देते हुए कहते हैं, ‘इंद्रियों का आवश्यक कर्मों को संपन्न करने में कम-से-कम उपयोग करना चाहिए। मन पर नियंत्रण करके ही इंद्रिय-संयम संभव है। वाणी का जितना हो सके, कम उपयोग करने में ही कल्याण है।’ वाणी के संयम के अनेक प्रत्यक्ष लाभ …

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आडू और सेब !!

एक बगीचे में एक आडू और एक सेब आपस में बहस कर रहे थे। दोनों अपने आपको अधिक सुंदर बता रहे थे। दोनों अपनी बात पर अड़े थे। उन्होंने निर्णय के लिए खुली बहस करने का निश्चय किया। दोनों फलों के बीच तीखी बहस होने लगी। बगीचे के सारे फल उनकी बातें सुन रहे थे। तभी पास की झाड़ी से …

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हाथी को चुनौती देने वाला भँवरा !!

एक दिन, गोबर में रहने वाले भँवरे की निगाह मेज पर रखी शराब की खाली बोतल पर पड़ी। वह बोतल के पास गया और उसमें बची- खुची बूंदें पी गया जिससे उसे नशा चढ़ गया। इसके बाद वह खुशी – खुशी गुंजन करता हुआ वापस गोबर के ढेर में चला गया। पास से ही एक हाथी गुजर रहा था। गोबर …

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गधा, मुर्गा और शेर !!

एक बाड़े में एक गधा, एक मुर्गा साथ रहा करते थे। एक दिन एक शेर उस गधे के ऊपर झपटने ही वाला था कि मुर्गे ने उसे देख लिया और जोर से चिल्ला दिया। शेर अचानक उसकी आवाज सुनकर डर गया और भागने लगा। गधे ने शेर को भागते देखा तो बहुत प्रसन्न हुआ। उसने सोचा कि अगर मैं जंगल …

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अलीबाबा और खजाना !!

पर्शिया में अलीबाबा और कासिम नामक दो भाई रहते थे। कासिम एक धनवान सौदागर था पर अलीबाबा एक गरीब लकड़हारा था। एक दिन अलीबाबा जंगल में लकड़ी काटने गया हुआ था। वहाँ उसने चालीस लुटेरों को घोड़े पर सवार आते देखा। एक गुफा के सामने उनका नेता घोड़े से उतरा और बोला, “खुल जा सिमसिम!” गुफा का दरवाजा खुल गया …

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तीन सूअर !!

एक समय की बात है, तीन सूअर थे। उन्होंने अपना घर छोड़कर कहीं दूर जाने का निश्चय किया। एक जंगल में पहुँचकर उन तीनों ने अपना-अपना घर बनाया। पहले सूअर ने फूस से अपना घर बनाया। दूसरे ने लकड़ी का घर बनाया और तीसरे सूअर ने ईंटों से पक्का घर बनाया। एक रात, एक भूखा भेड़िया कहीं से घूमता हुआ …

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नटखट खरगोश !!

हुत पुरानी बात है… एक बड़े से पेड़ के नीचे एक मादा खरगोश अपने चार बच्चों के साथ रहती थी। एक दिन मादा खरगोश खाना पकाने के लिए सामान लाने बाजार जा रही थी। उसने अपने बच्चों को बुलाकर कहा, “तुम लोग बाहर खेलने जा सकते हो पर श्रीमान् गुस्सैल के बगीचे की ओर भूल से भी मत जाना।” चीकू, …

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मुर्गे का घमंड !!

दो मुर्गे अन्य जानवरों के साथ एक फार्म पर रहते थे। एक मुर्गा बोला, “मैं सब जानवरों का राजा हूँ।” दूसरा मुर्गा उसकी बात काटते हुए बोला, “तुम नहीं, बल्कि मैं यहाँ का राजा हूँ।” पहला मुर्गा थोड़ा समझदार था। इसलिए वह बोला, “हम दोनों लड़ाई की प्रतियोगिता रखते हैं जो इस लड़ाई में जीतेगा वही राजा बनेगा।” दूसरा मुर्गा …

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