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India

भारत से सिर्फ पैसे की ही लूट नहीं हुई,…

यदि हमारे पूर्वजो को हवाई जहाज बनाना नहीं आता, तो हमारे पास “विमान” शब्द भी नहीं होता।यदि हमारे पूर्वजों को Electricity की जानकारी नहीं थी, तो हमारे पास “विद्युत” शब्द भी नहीं होता।यदि “Telephone” जैसी तकनीक प्राचीन भारत में नहीं थी तो, “दूरसंचार” शब्द हमारे पास क्यो है।Atom और electron की जानकारी नहीं थी तो अणु और परमाणू शब्द कहा …

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यह अपमान बंद होना चाहिए

तलवार के लिए कई सारी बातें और परंपरा राजपूतो में युगों युगों से चली आ रही है जैसे कि 1 राजपूतो की बेटी का गठबंधन तलवार के साथ होता है पति के साथ नहीं अगर पति उपस्थित नहीं हो तो तलवार के साथ फेरे लिए जा सकते हैं 2 तलवार सत्ता का प्रतीक है राजचिनहो में से एक है 3 …

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“चुण्डावत मांगी सैनानी सिर काट दे दियो क्षत्राणी”

राजस्थान के इतिहास की वह घटना जब एक राजपूत रानी विवाह के सिर्फ सात दिन बाद आपने शीश अपने हाथो से काट कर युद्ध में जाने को तैयार अपने को भिजवा दिया ताकि उनका पति नयी नवेली पत्नी की खूबसूरती में उलझ कर अपना कर्तव्य न भूले हाड़ी रानी जिसने युद्ध में जाते अपने पति को निशानी मांगने पर अपना …

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चेतक और यशवंती जैसे देशभक्त जानवर

कोंडाणा के किले में चढ़ने के लिए तानाजी ने यशवंती नामक गोह प्रजाति की छिपकली का प्रयोग किया था जिसको फ़िल्म में नही दिखाया गया वर्णन है, चढ़ाई के लिए तानाजी ने अपने बक्से से यशवंती को निकाला, उसे कुमकुम और अक्षत से तिलक किया और किले की दीवार की तरफ उछाल दिया किन्तु यशवंती किले की दीवार पर पकड़ …

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सुधांशु मनी साहब

आज से कोई 6 साल पुरानी बात है, 2016 की रेलवे के एक बड़े अधिकारी थे, बहुत बड़े वाले पेशे से इंजीनियर थे उनके रिटायरमेंट में सिर्फ दो साल बचे थेआमतौर पे रिटायरमेंट के नज़दीक जब अंतिम पोस्टिंग का समय आता है तो कर्मचारी से उसकी पसंद पूछ ली जाती हैपसंद की जगह अंतिम पोस्टिंग इसलिये दी जाती है ताकि …

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सच्चा शिक्षक- कहानी

शिक्षक दिवस के अवसर पर आज हम आपके लिए सच्चा शिक्षक- कहानी लाये हैं। जो एक शिक्षिका और एक छात्र के सम्बंध पर आधारित है। यह कहानी निश्चित रूप से आपको भावुक कर देगी। यह कहानी बताती है कि एक शिक्षक का कार्य केवल पढ़ाना ही नहीं होता बल्कि बच्चों के व्यक्तित्व का विकास भी शिक्षकों का दायित्व है। शहर के प्राथमिक विद्यालय …

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सेठ रामदास जी गुड़वाले

इतिहास के पन्नों में कहाँ हैं ये नाम? सेठ रामदास जी गुड़वाले – 1857 के महान क्रांतिकारी,दानवीर जिन्हें फांसी पर चढ़ाने से पहले अंग्रेजों ने उनपर शिकारी कुत्ते छोड़े जिन्होंने जीवित ही उनके शरीर को नोच खाया। सेठ रामदास जी गुडवाला दिल्ली के अरबपति सेठ और बेंकर थे. और अंतिम मुगल बादशाह बहादुर शाह जफर के गहरे दोस्त थे. इनका …

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भारत के प्रमुख 12 ज्योतिर्लिंग

हमारा देश भारत में यूँ तो अनेकों तीर्थपुराणों के अनुसार इन्हीं 12 जगहों पर भगवान शिव स्वयं प्रकट हुए। सोमनाथ〰️〰️〰️〰️यह शिवलिंग गुजरात के सौराष्ट्र में स्थापित है। मल्लिकार्जुन〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️मद्रास में कृष्णा नदी के किनारे पर्वत पर स्थापित है श्री शैल मल्लिकार्जुन शिवलिंग।महाकालेश्वर〰️〰️〰️〰️उज्जैन में स्थापित महाकालेश्वर शिवलिंग, जहां शिवजी ने दैत्यों का नाश किया था।ओंकारेश्वर〰️〰️〰️मध्यप्रदेश के धार्मिक स्थल ओंकारेश्वर में नर्मदा तट …

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रॉबिन हुड की कहानी टंट्या भील (टंट्या मामा)

1842 में खंडवा जिले के बड़दा गांव में जन्मे टंट्या भील (टंट्या मामा) एक भारतीय स्वतंत्रता सेनानी थे, जिन्हें भारतीय रॉबिन हुड भी कहा जाता है। 1857 के भारतीय विद्रोह के बाद, अंग्रेजों ने बेहद कठोर कार्रवाई की, जिसके बाद ही टंट्या भील ने अंग्रेज़ों के खिलाफ लड़ना शुरू किया। वह उन महान क्रांतिकारियों में से एक थे, जिन्होंने बारह …

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नाग पंचमी

प्राचीन काल में एक सेठजी के सात पुत्र थे। सातों के विवाह हो चुके थे। सबसे छोटे पुत्र की पत्नी श्रेष्ठ चरित्र की विदूषी और सुशील थी, परंतु उसके भाई नहीं था। एक दिन बड़ी बहू ने घर लीपने को पीली मिट्टी लाने के लिए सभी बहुओं को साथ चलने को कहा तो सभी डलिया (खर और मूज की बनी …

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